उत्तराखंड ने खोया अपना सशक्त नेता, बीसी खंडूरी को नम आंखों से दी गई अंतिम विदाई

उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री बीसी खंडूरी अब इस दुनिया में नहीं रहे। उनके निधन के बाद पूरे प्रदेश में शोक का माहौल है। हरिद्वार में पूरे राजकीय सम्मान के साथ उनका अंतिम संस्कार किया गया, जहां हजारों लोगों ने उन्हें अंतिम विदाई दी। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी सहित कई वरिष्ठ नेताओं और अधिकारियों ने अंतिम दर्शन कर श्रद्धांजलि अर्पित की।
बीसी खंडूरी की अंतिम यात्रा में बड़ी संख्या में आम लोग भी शामिल हुए। लोगों ने “खंडूरी अमर रहें” के नारों के साथ अपने प्रिय नेता को विदाई दी। सेना के जवानों द्वारा सलामी दिए जाने के बाद पूरे सम्मान के साथ उनका अंतिम संस्कार संपन्न हुआ।
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि बीसी खंडूरी केवल एक राजनेता नहीं बल्कि ईमानदारी, अनुशासन और विकास की पहचान थे। उन्होंने उत्तराखंड को नई दिशा देने का काम किया। उनके योगदान को प्रदेश हमेशा याद रखेगा।
राज्य सरकार ने उनके निधन पर तीन दिन का राजकीय शोक घोषित किया है। कई सरकारी कार्यक्रम स्थगित कर दिए गए हैं। राजनीतिक और सामाजिक संगठनों ने भी उनके निधन पर गहरा दुख व्यक्त किया है।
सेना से राजनीति तक का उनका सफर बेहद प्रेरणादायक रहा। केंद्र सरकार में मंत्री रहते हुए उन्होंने सड़क और हाईवे विकास में अहम योगदान दिया। उत्तराखंड की राजनीति में उनका नाम एक सादगीपूर्ण और साफ-सुथरी छवि वाले नेता के रूप में हमेशा लिया जाएगा।



